ऊर्जा
सोने बनाते फ्यूजन रिएक्टर? मैराथन फ्यूजन का मानना है ऐसा

Marathon Fusion ने 2025 में प्रस्ताव रखा कि भविष्य के ड्यूटेरियम-ट्रिटियम संलयन रिएक्टर से निकलने वाले तेज न्यूट्रॉन पारा-198 को सोना-197 में बदल सकते हैं। यह विचार रिएक्टर के बाहरी ब्लैंकेट की कंप्यूटर गणनाओं पर आधारित है। किसी संयंत्र में सोना या बिजली का व्यावसायिक उत्पादन करके इसे साबित नहीं किया गया है, इसलिए संभावित उत्पादन और आर्थिक लाभ अनिश्चित हैं।
कीमियागरी से परमाणु प्रतिक्रिया तक
प्राचीन कीमियागर दूसरी धातुओं से सोना बनाने की कोशिश करते थे। रासायनिक प्रतिक्रिया किसी तत्व के परमाणु नाभिक को नहीं बदल सकती, जबकि नाभिकीय प्रतिक्रिया ऐसा कर सकती है। CERN ने 2025 में बताया कि LHC में सीसे के आयन क्षणभर के लिए सोने के नाभिक में बदले। ALICE प्रयोग में अधिकतम दर लगभग 89,000 नाभिक प्रति सेकंड थी। कुल मात्रा नगण्य थी और नाभिक तुरंत टूट गए; उनसे बेचने लायक सोना प्राप्त नहीं हुआ।

स्रोत: Goodreads
Marathon Fusion का प्रस्ताव
एडम रटकॉव्स्की, जेक हार्टर और जेसन पारिसी ने दूसरी नाभिकीय प्रक्रिया बताई। भविष्य के टोकामक में ड्यूटेरियम और ट्रिटियम के संलयन से उच्च ऊर्जा वाले न्यूट्रॉन निकलेंगे। ब्लैंकेट की विशेष परत में वे पारा-198 से टकराकर अस्थिर पारा-197 बना सकते हैं, जो कुछ दिनों में स्थिर सोना-197 में बदलता है।

स्रोत: ITER
संलयन ब्लैंकेट को लिथियम से नया ट्रिटियम बनाने में भी मदद करनी होती है। इसलिए शोधकर्ताओं ने समस्थानिक रूप से समृद्ध पारे की न्यूट्रॉन-वर्धक परत का अध्ययन किया, जिसमें लिथियम भी शामिल हो सकता है। यह सारे लिथियम को केवल पारे से बदलने की योजना नहीं है। समस्थानिक पृथक्करण, सामग्री की टिकाऊपन और विषैले पारे का सुरक्षित प्रबंधन बड़ी तकनीकी चुनौतियां हैं।
गणना में कितना सोना मिला?
शोधपत्र में 1,500 मेगावाट तापीय शक्ति वाले रिएक्टर सहित कई रचनाओं का मॉडल बनाया गया। कुछ विन्यासों में प्रति गीगावाट तापीय शक्ति से सालाना दो टन से अधिक स्थिर सोना बनने का अनुमान था, जबकि मॉडल में ट्रिटियम की आवश्यक पूर्ति बनी रही। एक गीगावाट तापीय शक्ति और ग्रिड को दी गई एक गीगावाट बिजली अलग हैं। बिजली के प्रति गीगावाट करीब पांच टन का अनुमान लगाने के लिए रूपांतरण दक्षता और लगातार संचालन की अतिरिक्त धारणाएं चाहिए।
इस सिमुलेशन से प्रतिक्रिया का संभावित रास्ता दिखता है, लेकिन तैयार ब्लैंकेट, सुरक्षित सोना पृथक्करण या लाभप्रदता सिद्ध नहीं होती। राजस्व दोगुना होने की चर्चा सोने के मूल्य, संयंत्र लागत और संचालन समय पर निर्भर आर्थिक परिदृश्य है। अभी इस प्रक्रिया को चलाने वाला कोई व्यावसायिक संलयन बिजलीघर नहीं है।
रेडियोधर्मिता और प्रतीक्षा अवधि
स्थिर सोना-197 के साथ अन्य रेडियोधर्मी समस्थानिक भी बन सकते हैं। शोधकर्ताओं ने अलग मानकों के लिए अलग अवधि निकाली: अमेरिका में निम्न-स्तरीय रेडियोधर्मी अपशिष्ट की एक सीमा तक लगभग 6.8 वर्ष, विशेष लेबलिंग सीमा तक 13.7 वर्ष और केले की रेडियोधर्मिता से की गई अत्यधिक सतर्क तुलना तक करीब 17.7 वर्ष। इसलिए हर उत्पाद के लिए ‘कम से कम 18 वर्ष’ कोई सार्वभौमिक नियम नहीं है। असल उत्पाद को संभालने या बेचने से पहले मापन और नियामक निर्णय आवश्यक होंगे।
संभावनाएं और बाकी प्रश्न
यदि यह तरीका भविष्य के रिएक्टर में काम करे तो सोना उपयोगी सह-उत्पाद बन सकता है। लेखक पैलेडियम जैसी दूसरी धातुओं की संभावना भी बताते हैं, पर उनका व्यावसायिक उत्पादन दिखाया नहीं गया। इस अध्ययन से परमाणु बैटरियों की लागत घटने या पांच साल में व्यावसायिक संयंत्र चालू होने का दावा साबित नहीं होता।
अध्ययन के लेखक रटकॉव्स्की, हार्टर और पारिसी हैं। एरिक श्मिट सहलेखक नहीं हैं और SpaceX का शेयर संकेत इस शोध से संबंधित नहीं है। व्यावसायिक मूल्यांकन में पारे की विषाक्तता, समस्थानिक संवर्धन, रेडियोधर्मी सामग्री, अनुमति और रिएक्टर की लागत शामिल करनी होगी।
Cameco एक अलग परमाणु क्षेत्र की कंपनी है
Cameco (CCJ ) यूरेनियम खनन और परमाणु ईंधन सेवाएं देती है। उसका मुख्य संबंध नाभिकीय विखंडन से है, जबकि Marathon का प्रस्ताव संलयन से जुड़ा है। Cameco की 2024 वार्षिक रिपोर्ट में कंपनी के हिस्से का यूरेनियम उत्पादन 2.34 करोड़ पाउंड दर्ज है। यह ऐतिहासिक आंकड़ा है; इससे कंपनी सोना बनाने वाले शोध की भागीदार नहीं बनती।
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निष्कर्ष
सिमुलेशन ने संकेत दिया कि पारे से सोना बनाने की प्रक्रिया संलयन ब्लैंकेट की कुछ गणितीय शर्तों के अनुकूल हो सकती है। सुरक्षित, बड़े पैमाने पर और लाभप्रद उत्पादन अभी सिद्ध नहीं हुआ है। प्रयोग तथा स्वतंत्र तकनीकी और आर्थिक समीक्षा आगे के कदम हैं।
स्रोत
ए. रटकॉव्स्की, जे. हार्टर और जे. पारिसी, “Scalable Chrysopoeia via (n, 2n) Reactions Driven by Deuterium-Tritium Fusion Neutrons”, 2025; CERN, 8 मई 2025।












